जांजगीर-चांपा: छत्तीसगढ़ की सियासत से इस वक्त की सबसे बड़ी खबर सामने आ रही है। जांजगीर पुलिस ने जैजैपुर से कांग्रेस विधायक बालेश्वर साहू को धोखाधड़ी के एक पुराने मामले में गिरफ्तार कर लिया है। शुक्रवार को पुलिस ने कोर्ट में चालान पेश किया, जिसके बाद कोर्ट ने उन्हें 22 जनवरी तक के लिए न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है।
बैंक मैनेजर रहते हुए की थी ‘बड़ी हेराफेरी’?
यह पूरा मामला उस समय का है जब बालेश्वर साहू विधायक नहीं थे। साल 2015 से 2020 के बीच वे बम्हनीडीह सहकारी बैंक में मैनेजर के पद पर तैनात थे। आरोप है कि उन्होंने पद का दुरुपयोग करते हुए किसान राजकुमार शर्मा के साथ 42.78 लाख रुपये की ठगी की।
फर्जीवाड़ा: किसान का आरोप है कि बालेश्वर साहू ने अपने साथी गौतम राठौर के साथ मिलकर ‘किसान क्रेडिट कार्ड’ (KCC) के नाम पर फर्जी दस्तावेज तैयार किए और किसान के नाम पर मोटी रकम का लोन निकाल लिया।
जमानत याचिका खारिज, सीधे जेल दाखिल
चांपा थाने में विधायक के खिलाफ धारा 420 (धोखाधड़ी), 467, 468 (जालसाजी) जैसी गंभीर धाराओं के तहत मामला दर्ज था।
पुलिस की कार्रवाई: एसपी विजय पाण्डेय के निर्देश पर सीएसपी योगिता बाली और उनकी टीम ने मामले की गहन जांच की।
कोर्ट का फैसला: शुक्रवार को सीजेएम कोर्ट में चालान पेश होने के बाद विधायक ने रेगुलर बेल (जमानत) के लिए अर्जी लगाई थी, लेकिन कोर्ट ने आरोपों की गंभीरता को देखते हुए उसे तुरंत खारिज कर दिया और जेल वारंट जारी कर दिया।
पुलिस की तगड़ी घेराबंदी
इस हाई-प्रोफाइल मामले की जांच के लिए पुलिस ने एक विशेष टीम बनाई थी। जांच पूरी होने के बाद पुलिस ने विधायक को हिरासत में लिया और कोर्ट की प्रक्रिया पूरी होते ही उन्हें जिला जेल दाखिल कर दिया गया। एक मौजूदा विधायक का जेल जाना कांग्रेस पार्टी के लिए एक बड़ा झटका माना जा रहा है।