BMC चुनाव
BMC Election 2026 : मुंबई, महाराष्ट्र | महाराष्ट्र में गुरुवार को मुंबई समेत 29 नगर निगमों के लिए होने वाले मतदान से ठीक पहले एक बड़ा राजनीतिक विवाद खड़ा हो गया है। चुनाव आयोग द्वारा इस बार EVM (इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन) के साथ एक नई मशीन ‘प्रिंटिंग ऑक्सिलरी डिस्प्ले यूनिट’ (PADU) का इस्तेमाल करने के फैसले ने विपक्षी दलों को नाराज कर दिया है। महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (MNS) के प्रमुख राज ठाकरे समेत कई विपक्षी नेताओं ने इस नई तकनीक पर संदेह व्यक्त करते हुए चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े किए हैं।
क्या है PADU मशीन और क्यों हो रहा विवाद?
चुनाव आयोग के अनुसार, इस चुनाव में EVM से ‘PADU’ नाम का एक छोटा अतिरिक्त उपकरण जोड़ा जाएगा। इसका पूरा नाम ‘डिप्लॉय प्रिंटिंग ऑक्सिलरी डिस्प्ले यूनिट’ है। इस सिस्टम को कंट्रोल यूनिट और बैलेट यूनिट के बीच जोड़ने के आदेश जारी किए गए हैं। विवाद तब शुरू हुआ जब राज ठाकरे ने आरोप लगाया कि इस नई मशीन के बारे में किसी भी राजनीतिक दल को पहले से सूचित नहीं किया गया था। ठाकरे ने सवाल उठाया कि “यह नियम केवल नगर निगम चुनाव के लिए ही क्यों है? विधानसभा या लोकसभा चुनाव में इसका जिक्र क्यों नहीं हुआ? अगर EVM पुरानी हैं, तो क्या नई मशीनें लगाकर पारदिर्शता आएगी या संदेह बढ़ेगा?”
नगर आयुक्त भूषण गगरानी की सफाई
विवाद बढ़ता देख मुंबई नगर आयुक्त भूषण गगरानी ने तत्काल प्रेस कॉन्फ्रेंस बुलाई और PADU मशीन की जरूरत स्पष्ट की। उन्होंने बताया कि PADU मशीन मुख्य रूप से एक सहायक डिस्प्ले यूनिट (Auxiliary Display Unit) है।
बैकअप सुविधा: यदि मतदान के दौरान कंट्रोल यूनिट का डिस्प्ले अचानक तकनीकी खराबी के कारण बंद हो जाता है, तो PADU मशीन बैकअप के रूप में काम आएगी और डेटा दिखाएगी।
दृश्यता: इसका उपयोग मतदान प्रक्रिया को अधिक दृश्यमान और आसान बनाने के लिए किया जा रहा है।
VVPAT से अलग: गगरानी ने स्पष्ट किया कि PADU मशीन से VVPAT की तरह कोई कागज की रसीद नहीं निकलेगी। यह केवल डिजिटल डिस्प्ले का काम करेगी।
प्रचार के नियमों पर भी राज ठाकरे ने घेरा
मशीन के साथ-साथ राज ठाकरे ने चुनाव प्रचार की समय सीमा को लेकर भी आयोग की आलोचना की है। उन्होंने उस नियम पर आपत्ति जताई जिसमें चुनाव प्रचार की आधिकारिक अवधि समाप्त होने के बाद भी उम्मीदवारों को मतदान के दिन तक घर-घर जाकर प्रचार करने की अनुमति दी गई है। उन्होंने सरकार और आयोग पर आरोप लगाया कि नियमों में बार-बार बदलाव करके भ्रम की स्थिति पैदा की जा रही है।
मतदान के लिए प्रशासन मुस्तैद
गुरुवार को होने वाले मतदान के लिए प्रशासन ने पूरी तैयारी कर ली है। PADU मशीन के इस्तेमाल को लेकर भले ही सियासी पारा चढ़ा हुआ है, लेकिन नगर आयुक्त का कहना है कि यह केवल मतदान प्रक्रिया की सुगमता के लिए एक तकनीकी सुधार है। अब देखना यह होगा कि मतदान के दिन इस नई तकनीक का अनुभव कैसा रहता है और विपक्षी दलों का अगला कदम क्या होता है।